शासकीय नवीन महाविद्यालय कांसाबेल में ‘सेवा के रंग, राष्ट्र के संग’ रंगोली कार्यक्रम, विद्यार्थियों ने उकेरे राष्ट्रहित के संदेश
चावल, पत्तियों और फूलों से बनाई आकर्षक रंगोली, ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ और ‘शिक्षित बेटी, समृद्ध समाज’ जैसे संदेशों ने खींचा ध्यान

कांसाबेल। सेवा संकल्प अभियान ‘सेवा के रंग, राष्ट्र के संग’ के तहत शासकीय नवीन महाविद्यालय कांसाबेल में रंगोली कार्यक्रम का आयोजन किया गया। विद्यार्थियों ने चावल, पत्तियों, फूलों सहित प्राकृतिक सामग्री का उपयोग करते हुए राष्ट्रहित और सामाजिक जागरूकता पर आधारित आकर्षक रंगोलियां तैयार कीं।

रंगोली के माध्यम से विद्यार्थियों ने ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’, ‘सेवा ही संकल्प’, ‘शिक्षित बेटी, समृद्ध समाज’ और ‘सेवा संकल्प अभियान-2026’ सहित विभिन्न संदेशों एवं आकृतियों को बेहद सुंदर तरीके से उकेरा। विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मकता के माध्यम से सेवा, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और राष्ट्रहित का संदेश दिया।
कार्यक्रम का आयोजन महाविद्यालय की प्रमुख डॉ. कुसुम माधुरी टोप्पो एवं अन्य शिक्षकों के नेतृत्व में किया गया। विद्यार्थियों द्वारा तैयार की गई रंगोलियों का अतिथियों एवं उपस्थित लोगों ने अवलोकन किया और उनकी रचनात्मकता की सराहना की।
गणमान्यजनों की रही गरिमामय उपस्थिति
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मंडल अध्यक्ष सुदाम पंडा उपस्थित रहे। इसके अलावा कांसाबेल BDC शिप्रा दास, सरपंच अनिल कुमार खलखो, लरसु मिर्धा, BDC श्रीमती मेघा सारथी, महिला मोर्चा अध्यक्ष मनप्यारी मिर्धा, उपाध्यक्ष श्रीमती सबिता पैंकरा, सुमंती चक्रेश, ममता किरण, Jashpur Times की फाउंडर नुसरत परवीन, सरपंच हेतगड़ा अंजलीना टोप्पो, उमा देवी सिदार सहित अन्य गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।




कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंडल अध्यक्ष सुदाम पंडा ने सेवा संकल्प अभियान और विद्यार्थियों की रचनात्मक सहभागिता की सराहना की। उन्होंने सेवा, सामाजिक जिम्मेदारी और राष्ट्रहित के कार्यों में युवाओं की भूमिका पर अपने विचार रखे।




वहीं कांसाबेल सरपंच अनिल कुमार खलखो और महाविद्यालय की प्रमुख डॉ. कुसुम माधुरी टोप्पो ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। उन्होंने विद्यार्थियों द्वारा तैयार की गई रंगोलियों की सराहना करते हुए ऐसे आयोजनों को विद्यार्थियों की प्रतिभा और सामाजिक चेतना को बढ़ाने वाला बताया।

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों की रचनात्मकता और राष्ट्रहित की थीम पर तैयार की गई रंगोलियां आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहीं। आयोजन ने सेवा, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और राष्ट्रभावना का संदेश दिया।






